* कोरबा जिला प्रशासन ने की व्यापक तैयारी
कोरबा (मंथन) कोरबा जिला कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी कुणाल दुदावत के मार्गदर्शन में रासायनिक आपदा से प्रभावी ढंग से निपटने की तैयारियों को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से 23 अप्रैल को मॉक अभ्यास भारत एल्युमिनियम कंपनी लिमिटेड (बालको) परिसर में आयोजित किया जाएगा। साथ ही 21 अप्रैल को जिला कार्यालय कोरबा में प्रातः 10 बजे से दोपहर 1:30 बजे तक टेबल टॉप एक्सरसाइज आयोजित कर संबंधित अधिकारियों को प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा।
अभ्यास के सफल संचालन हेतु इंसीडेंट कमांडर के रूप में सरोज महिलांगे, अनुविभागीय दण्डाधिकारी राजस्व को नियुक्त किया गया है। बजरंग साहू, तहसीलदार कोरबा को प्रभारी अधिकारी तथा विजय कारे, जिला व्यापार एवं उद्योग केन्द्र को नोडल अधिकारी की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
इस मॉक अभ्यास का उद्देश्य संभावित औद्योगिक रासायनिक आपदा की स्थिति में त्वरित प्रतिक्रिया, विभिन्न विभागों के बीच समन्वय तथा उपलब्ध संसाधनों के प्रभावी उपयोग का व्यावहारिक परीक्षण करना है। अभ्यास के दौरान घटना स्थल पर बचाव, राहत, चिकित्सा सहायता, यातायात नियंत्रण, संचार व्यवस्था, पर्यावरणीय निगरानी तथा जनसंपर्क से जुड़े सभी पहलुओं का परीक्षण किया जाएगा।
अभ्यास में विभिन्न विभागों के नोडल अधिकारियों एवं उनके दायित्वों का भी स्पष्ट निर्धारण किया गया है। पुलिस विभाग द्वारा वायरलेस सेट के माध्यम से संचार व्यवस्था सुदृढ़ करने, यातायात नियंत्रण तथा कानून व्यवस्था बनाए रखने की जिम्मेदारी निभाई जाएगी। भारत एल्युमिनियम कंपनी लिमिटेड (बालको) द्वारा अभ्यास स्थल पर रासायनिक आपदा से संबंधित समस्त तकनीकी व्यवस्थाएं, प्रशिक्षण समन्वय एवं कार्यक्रम संचालन सुनिश्चित किया जाएगा, साथ ही टेबल टॉप एक्सरसाइज एवं मॉक ड्रिल के लिए आवश्यक व्यवस्थाएं की जाएंगी।
जिला सेना, होमगार्ड एवं एसडीआरएफ के सहयोग से बचाव एवं राहत दल तैनात किए जाएंगे तथा आवश्यक उपकरणों की उपलब्धता सुनिश्चित की जाएगी। जिला व्यापार एवं उद्योग केन्द्र द्वारा समन्वय स्थापित कर संपूर्ण औद्योगिक आपदा प्रशिक्षण कार्यक्रम का संचालन किया जाएगा।
स्वास्थ्य विभाग द्वारा डॉक्टरों, पैरामेडिकल स्टाफ, एम्बुलेंस, दवाइयों एवं उपचार की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी। जनसंपर्क विभाग द्वारा मीडिया समन्वय, सूचना प्रसारण एवं प्रचार-प्रसार की जिम्मेदारी निभाई जाएगी। लोक निर्माण विभाग द्वारा मार्गों का सुचारू संचालन एवं आवागमन व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी।
खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा अभ्यास स्थल पर भोजन की व्यवस्था की जाएगी, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग द्वारा पेयजल एवं जल वितरण की समुचित व्यवस्था की जाएगी। दूरसंचार विभाग द्वारा अस्थायी संचार नेटवर्क की उपलब्धता सुनिश्चित की जाएगी।
औद्योगिक सुरक्षा विभाग द्वारा स्थल पर प्राप्त सूचनाओं का संकलन, समन्वय एवं दस्तावेजीकरण किया जाएगा। पर्यावरण विभाग द्वारा पर्यावरणीय मानकों के पालन एवं निगरानी सुनिश्चित की जाएगी। पंचायत एवं समाज कल्याण विभाग द्वारा आवश्यकतानुसार सहायता एवं समन्वय प्रदान करते हुए काउंसलिंग सेंटर की व्यवस्था की जाएगी।
कलेक्टर ने सभी संबंधित विभागों के अधिकारियों को निर्देशित किया है कि वे निर्धारित तिथि एवं समय पर अनिवार्य रूप से उपस्थित होकर अपने दायित्वों का निर्वहन सुनिश्चित करें तथा इस मॉक अभ्यास को सफल बनाएं। जिससे आपदा की स्थिति में त्वरित एवं समन्वित प्रतिक्रिया सुनिश्चित किया जा सके।
20 अप्रैल / मंथन मित्तल



