कोरबा (मंथन) कोरबा जिलान्तर्गत करतला विकासखंड के शासकीय हाई स्कूल बड़मार में पदस्थ व्याख्याता और शिक्षक की जाति को लेकर उपजा विवाद अब गहरा गया है। कलेक्टर कुणाल दुदावत के निर्देश पर जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) टी.पी. उपाध्याय ने कड़ा रुख अपनाते हुए मामले की जांच शुरू कर दी है।
डीईओ ने बड़मार हाई स्कूल के प्राचार्य और प्राथमिक शाला पहंदा के प्रधानपाठक को पत्र जारी कर दो दिनों के भीतर शिक्षक के सभी शैक्षणिक व सेवा दस्तावेजों के साथ कार्यालय में उपस्थित होने का आदेश दिया है। मामला 19 अगस्त को सामने आया, जब कुछ लोगो ने कलेक्टर कुणाल दुदावत से मुलाकात कर एक लिखित शिकायत सौंपी। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि व्याख्याता के सेवा और शैक्षणिक दस्तावेजों में जाति को लेकर भ्रामक और संदिग्ध जानकारी दी गई है। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए कलेक्टर ने तत्काल जिला शिक्षा अधिकारी को इस पर नियमानुसार कार्रवाई और दस्तावेजों के सत्यापन के निर्देश दिए।
* 1978 के रिकॉर्ड खंगालेगी शिक्षा विभाग
कलेक्टर के आदेश पर अमल करते हुए जिला शिक्षा अधिकारी टी.पी. उपाध्याय ने 24 अगस्त को एक आधिकारिक पत्र जारी किया। इस पत्र के माध्यम से प्राथमिक शाला पहंदा के प्रधानपाठक को वर्ष 1978 के छात्र दाखिल-खारिज (स्कॉलर रजिस्टर) रिकॉर्ड के साथ तलब किया गया है। इसके साथ ही बड़मार हाई स्कूल के प्राचार्य को निर्देशित किया गया है कि वे उनकी सेवापुस्तिका (सर्विस बुक) में संलग्न सभी दस्तावेजों की प्रमाणित प्रतियां लेकर दो दिनों के भीतर जिला कार्यालय में प्रस्तुत हों।
26 अगस्त / मंथन मित्तल





