* शासकीय वाहन को लेकर उठे सवाल
कोरबा (मंथन) कोरबा जिले के मानिकपुर चौकी क्षेत्र अंतर्गत एक नशेड़ी वाहन चालक की गिरफ्तारी पश्चात बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। कथित आरोपी द्वारा खुद को आबकारी विभाग का वाहन चालक बताए जाने के बाद मामले ने तूल पकड़ लिया है, जबकि आबकारी विभाग ने इस दावे को पूरी तरह खारिज कर दिया है। बताया जा रहा है कि कथित आरोपी जिस वाहन को चला रहा था, उस पर “छत्तीसगढ़ शासन” लिखा हुआ था, जिसे लेकर अब कई सवाल उठ रहे हैं। गाड़ी की वास्तविक स्थिति और उसके उपयोग को लेकर पुलिस और विभाग के बीच बयान अलग-अलग सामने आ रहे हैं, जिससे मामला और भी संदिग्ध हो गया है।
इस पूरे प्रकरण ने प्रशासनिक व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं कि आखिर यह सरकारी वाहन किसके पास था और इसका उपयोग किस उद्देश्य से किया जा रहा था। मामला सामने आने के बाद क्षेत्र में तरह-तरह की चर्चाएं तेज हो गई हैं।इस मामले पर सीएसपी कोरबा प्रतीक चतुर्वेदी ने कहा कि जांच जारी है और सभी पहलुओं की बारीकी से पड़ताल की जा रही है। पुलिस यह भी पता लगा रही है कि वाहन और कथित आरोपी के बीच वास्तविक संबंध क्या है।
11 अप्रैल / मंथन मित्तल



