* दोनों पक्षों ने दर्ज कराया मामला
कोरबा (मंथन) सार्वजनिक क्षेत्र के वृहद उपक्रम कोल् इंडिया की अनुसांगिक कंपनी एसईसीएल बिलासपुर के अधीन कोरबा-पश्चिम क्षेत्र में स्थापित एवं संचालित खुले मुहाने की गेवरा कोयला परियोजना अंतर्गत एसईसीएल की मेगा परियोजना कुसमुंडा क्षेत्र स्थित एक निजी कोयला खदान में हाजिरी को लेकर हुए विवाद ने हिंसक रूप ले लिया।
जानकारी के अनुसार हाजिरी दर्ज करने को लेकर शुरू हुई कहासुनी देखते ही देखते दो पक्षों के बीच मारपीट में बदल गई। घटना के बाद दोनों पक्षों ने एक-दूसरे के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई, जिस पर कुसमुंडा पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की विभिन्न धाराओं के तहत अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, पहले पक्ष की ओर से सोनपुरी निवासी ने शिकायत दर्ज कराई है। वह एक निजी कंपनी में चालक के रूप में कार्यरत है। उसने बताया कि वह रात करीब 9:30 बजे ड्यूटी पर पहुंचा था। किसी कारणवश उसे देर हो गई थी, जिसके बाद उसने सुपरवाइजर से हाजिरी लगाने की बात कही। इसी बात पर विवाद हो गया। शिकायत के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया।
दूसरे पक्ष की ओर से निजी कंपनी के सुपरवाइजर ने भी शिकायत दर्ज कराई है।
उसका आरोप है कि पूछताछ के दौरान उसने और उसके साथियों ने गाली-गलौच शुरू कर दी तथा हाथ-मुक्कों से हमला कर दिया। बीच-बचाव करने पहुंचे अन्य कर्मचारियों के साथ भी मारपीट की गई। इतना ही नहीं, माइंस इंचार्ज के साथ भी अभद्र व्यवहार और गाली-गलौच की गई।
घटना के बाद कुसमुंडा पुलिस ने दोनों पक्षों की शिकायतों पर भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 115(2), 296 और 3(5) के तहत अपराध पंजीबद्ध किया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है और घटना में शामिल अन्य लोगों की भूमिका भी खंगाली जा रही है। पुलिस दोनों पक्षों के बयान और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्यवाही में जुटी हुई है।
25 जून / मंथन मित्तल



