* छात्रावास में अनुचित व्यवहार के आरोप की जांच के बाद की गई निलंबन की कार्यवाही
कोरबा (मंथन) 100 सीटर कन्या छात्रावास पोड़ी-उपरोड़ा में पदस्थ छात्रावास अधीक्षिका को छात्राओं के प्रति अनुचित व्यवहार की शिकायत की जांच के बाद निलंबित कर दिया गया है।
जिला शिक्षा अधिकारी द्वारा दी गयी अधिकृत जानकारी के अनुसार को छात्रावास की छात्राओं ने अधीक्षिका के कार्य-व्यवहार को लेकर मुख्य मार्ग पर आक्रोश प्रदर्शन कर उन्हें हटाने तथा किसी अन्य व्यक्ति को अधीक्षिका के रूप में पदस्थ करने की मांग की थी। अनुविभागीय अधिकारी राजस्व पोड़ी उपरोड़ा द्वारा प्रकरण की जांच के लिए तीन वरिष्ठ प्राचार्यों की समिति गठित की गई थी। जांच प्रतिवेदन में अधीक्षिका का व्यवहार छात्राओं के प्रति उचित नहीं होने तथा मेन्यू के अनुसार भोजन उपलब्ध नहीं कराने, भोजन की गुणवत्ता खराब होने, छात्रावास परिसर में देर रात तक पूजा पाठ और घंटी बजाने से बच्चों की पढ़ाई एवं नींद प्रभावित होने संबंधी शिकायतों की पुष्टि हुई।
संयुक्त संचालक, शिक्षा संभाग बिलासपुर द्वारा जिला शिक्षा अधिकारी कोरबा से प्राप्त प्रस्ताव एवं जांच प्रतिवेदन के आधार पर श्रीमती नेताम का कृत्य गंभीर कदाचरण की श्रेणी में पाए जाने पर छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम, 1965 के तहत श्रीमती शारदा नेताम को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया है। निलंबन अवधि में उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ते की पात्रता होगी तथा उनका मुख्यालय विकासखंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय, पोड़ी-उपरोड़ा निर्धारित किया गया है।
08 सितंबर / मंथन मित्तल





